Monday, 15 September 2014

Best Shayri Ever...













मैं किसी के साँसों का तलबगार नही होता,
मैं किसी के मोहब्बत में बीमार नही होता,
यह सोचकर की मेरी ज़िंदगी बची है थोड़ी,
मैं किसी के क़र्ज़ का कर्ज़दार नही होता.

और झूठी कसमों और फीके वादों के बीच,
मैं किसी हसीना का प्यार नही होता,
लोग मन्नत करते हैं उसे पाने की हर रोज़ मगर,
ईद से पहले चाँद का दीदार नही होता.

इस सियासत ने कभी किसी को ना बक्शा,
वरना इस धरती पर भ्रष्टाचार नही होता,
ये तो हालात थे जिसने जीना मुहाल कर दिया,
वरना अपनी ज़िंदगी में मैं कभी बेकार नही होता.

nitish tiwary...

Friday, 5 September 2014

Shikari kudi-rap song.















मुझको तेरी बातों से ,
अब तो डर नहीं लगता है ,
जब -जब बढ़ती ये तन्हाई ,
सब कुछ अच्छा लगता है.

सब ने मुझको समझाया ,
इसके चक्कर में ना पड़ना ,
वो है एक शिकारी कुड़ी ,
उसका शिकार मत बन जाना. 

पर तेरे दिल से मेरा connection
एक बार जो हो गया था fit
कैसे निकल पता ये दिल
इसमें नही था कोई exit.

अगर तू मुझसे करती प्यार,
दुनिया तुझे दिखला देता
लंदन पेरिस चीज़ ही क्या थी
चाँद की सैर करा देता.

CCD में डेट पे जाते,
MACD में बर्गर आज़माते
TAJ MAHAL में फोटो खिचवाते
MARINE DRIVE पर गाना गाते.

जोड़ी हमारी ऐसी होती,
सारी दुनिया देखकर जलती
करके सबका मीटर DOWN
हम तो चलते अपने TOWN.

पर तुझको ना जाने क्या हुआ,
मुझसे मेरा दिल ले लिया
उससे क्या तू खेलेगी
फिर से उसको तोड़ेगी.

तुझको हुआ है किससे crush,
बता दे मुझको अब के बरस
वो है क्या एक नया शिकार
उसका भी करेगी दिल बेकार.

written by :
nitish tiwary.

Monday, 1 September 2014

तू एक ग़ज़ल है.













उस गुज़रे हुए लम्हे में जी रहा हूँ,
जो तूने दिया दर्द वही सह रहा हूँ.

ये कैसी जुदाई ये कैसा ज़माना,
हक़ीकत में हो तुम या हो कोई फसाना.

ये सोचा मैने की तू एक ग़ज़ल है,
क्यूँ हर वक़्त तुझको ही मैं गा रहा हूँ.

वो पल भर का मरना वो पल भर का जीना,
हमें आज भी याद है वो सावन का महीना.

कभी पत्तों पर गिरती थी बारिश की बूँदें,
अब आँसू हैं मेरे और तस्वीर तेरी.

nitish tiwary.